गड़चिरोली, दिनांक 18 नवंबर 2025
गोंडवाना विश्वविद्यालय, गड़चिरोली के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संसाधन केंद्र (STRC) द्वारा “मेरा मोबाइल – मेरा मार्केट” पहल के अंतर्गत किसानों, ग्राम सभाओं, बचत समूहों तथा वन-उपज संग्रह करने वाले समुदायों के लिए एक दिवसीय निःशुल्क “मार्केट मिर्ची” कार्यशाला का आयोजन मेंढा (लेखा) में सफलतापूर्वक किया गया।
इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य ग्राम सभाओं को डिजिटल बाजार से सीधे जोड़ना, वन-आधारित उत्पादों (NTFP) के लिए प्रत्यक्ष बिक्री के अवसर उपलब्ध कराना, तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को शाश्वत रूप से सशक्त बनाना था।
कार्यशाला में मार्गदर्शन मार्केट मिर्ची प्लेटफ़ॉर्म की संस्थापक एवं RGSTC नागपुर की सलाहकार प्रगति गोखले ने किया। उन्होंने प्रतिभागियों को “मेरा मोबाइल – मेरा बाज़ार” पहल के माध्यम से ऑनलाइन लेन-देन, उत्पाद पंजीकरण, पारदर्शी मूल्य निर्धारण, डिजिटल भुगतान प्रणाली तथा बाजार से सीधे संपर्क जैसे विषयों पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया।
STRC के मुख्य कार्यक्रम अधिकारी एवं प्रमुख स्वप्निल गिर्डे ने इस दौरान बताया—
“विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संसाधन केंद्र ग्रामीण तथा वन-आधारित समुदायों को डिजिटल साधनों के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने के लिए कार्य कर रहा है। ‘मेरा मोबाइल – मेरा बाज़ार’ पहल स्थानीय उत्पादों को सीधे बाजार तक पहुँचाने का सशक्त माध्यम बन रही है, जिससे ग्राम सभाओं के आर्थिक सशक्तिकरण का नया द्वार खुला है।”
कार्यशाला के पश्चात आयोजित विस्तृत चर्चासत्र में वनाधिकार अधिनियम 2006, पेसा अधिनियम 1996 तथा संबंधित राज्यीय नियमों की जानकारी दी गई।
ग्राम सभाओं को बांबू कटाई परमिट, स्वामित्व अधिकार, निधियों के उपयोग, विभागीय समन्वय तथा मौजूदा चुनौतियों पर चर्चा करते हुए आवश्यक समाधान भी सुझाए गए।
इस कार्यशाला में लगभग 60 प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। ग्राम सभा मेंढा-लेखा के अध्यक्ष देवाजी तोफा, प्रगति गोखले और स्वप्निल गिर्डे प्रमुख अतिथि एवं मार्गदर्शक के रूप में उपस्थित रहे।
STRC की ओर से बताया गया कि जिले की ग्राम सभाओं को डिजिटल मार्केटिंग, कौशल विकास, तथा बांबू-आधारित शाश्वत आजीविका के लिए निरंतर तकनीकी व संस्थागत सहयोग दिया जाता रहेगा।




